महाराष्ट्र सीआईडी ने जुवेनाइल बोर्ड को पहली रिपोर्ट सौंपी

पालघर (महाराष्ट्र)। महाराष्ट्र की अपराध जांच शाखा (सीआईडी) ने पालघर में 16 अप्रैल को भीड़ द्वारा दो साधुओं और उनके ड्राइवर को पीट-पीटकर मार डालने के मामले में ठाणे जिले के भिवंडी में एक किशोर अदालत में दो नाबालिग आरोपियों के खिलाफ अपनी रिपोर्ट दर्ज की है। अधिकारियों ने शनिवार को यह जानकारी दी। हालांकि, इस मामले में कुल 11 किशोर आरोपी हैं, लेकिन सीआईडी ने केवल दो के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है और जल्द ही शेष नौ के खिलाफ भी रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।

सीआईडी ने गुरुवार को इस मामले में 47 और आरोपियों के खिलाफ अपना तीसरा आरोप पत्र दायर किया था, जिन्हें 13 मई को गिरफ्तार किया गया था।उन पर सरकारी अधिकारियों को ड्यूटी में बाधा पहुंचाने और हत्या के प्रयास का आरोप लगाया गया है, क्योंकि उन्होंने मौके पर पहुंची एक पुलिस टीम पर पथराव किया था।

जुलाई के मध्य में सीआईडी ने दो अलग-अलग आरोप पत्र दायर किए थे, जो लगभग 11,000 पन्नों के थे, जिसमें कुल 154 व्यक्तियों में से 126 को दो अलग-अलग मामलों में सामान्य अभियुक्त के रूप में नामित किया गया था। यह आरोप पत्र दहानू कोर्ट मजिस्ट्रेट एम. वी. जवाले के सामने दायर किए गए थे।

16 अप्रैल की रात जूना अखाड़ा के साधू कल्पवृक्षगिरी महाराज (70), उनके सहायक सुशीलगिरि महाराज (35) और इनके ड्राइवर नीलेश तेलगड़े (30) राष्ट्रव्यापी बंद के दौरान मुंबई से सूरत में एक अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए जा रहे थे। इन्हें बीच रास्ते लोगों की भीड़ ने रोककर लाठी-डंडों से खूब पीटा जिसके बाद इन्होंने दम तोड़ दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *