CG Train Cancelled News: 12 अप्रैल तक रद्द रहेंगी मेमू ट्रेनें, गोंडवाना एक्सप्रेस पर भी लगा भारी ब्रेक

A conceptual image highlighting the CG Train Cancelled News, showing a cancelled stamp over an Indian Railways passenger train and a list of disrupted schedules.

छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) में ट्रेन से सफ़र करने वाले यात्रियों के लिए एक बेहद ज़रूरी और सख़्त न्यूज़ सामने आई है। ताज़ा CG Train Cancelled News (सीजी ट्रेन कैंसल्ड न्यूज़) अपडेट के अनुसार, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे (SECR) के बिलासपुर मंडल ने 12 अप्रैल 2026 तक कई अहम ट्रेनों को रद्द करने का बड़ा फ़ैसला लिया है। आधिकारिक न्यूज़ रिपोर्ट्स के मुताबिक़, बिलासपुर-झारसुगुड़ा सेक्शन में चौथी लाइन बिछाने और अकलतरा स्टेशन पर चल रहे सख़्त नॉन-इंटरलॉकिंग कार्य के कारण यह भारी मेगा ब्लॉक लिया गया है, जिससे रोज़ सफ़र करने वाले यात्रियों की परेशानी ज़्यादा बढ़ गई है।

CG Train Cancelled News: बिलासपुर-रायगढ़ (Bilaspur-Raigarh) मेमू ट्रेन रद्द

रेलवे अधिकारियों से मिली ताज़ा जानकारी के अनुसार, अकलतरा स्टेशन पर कनेक्टिविटी का काम बेहद तेज़ रफ़्तार और युद्ध स्तर पर चल रहा है। इस तकनीकी और ज़रूरी काम के चलते बिलासपुर और रायगढ़ के बीच रोज़ चलने वाली मेमू (MEMU) ट्रेन को 12 अप्रैल तक पूरी तरह से सख़्त रूप से रद्द कर दिया गया है। 31 मार्च से ही ट्रेनों की आवाजाही पर यह ब्रेक लगा हुआ है, जिससे स्थानीय यात्रियों और छात्रों को अपने काम के लिए बाज़ार और कॉलेज पहुंचने में भारी दिक़्क़तों का सामना करना पड़ रहा है।

गोंडवाना एक्सप्रेस (Gondwana Express) की सख़्त कैंसिलेशन लिस्ट

छत्तीसगढ़ की लोकप्रिय और ख़ास गोंडवाना एक्सप्रेस की रफ़्तार पर भी एक बड़ा ब्रेक लग गया है। दरअसल, गोंदिया स्टेशन पर वॉशेबल एप्रन को बदलने का काम ज़ोर-शोर से चल रहा है। इसी के चलते 12410 (निज़ामुद्दीन-रायगढ़) ट्रेन 6, 7, 8, 9, 11 और 13 अप्रैल समेत कई अन्य सख़्त तारीख़ों पर नहीं चलेगी। वहीं, वापसी में 12409 (रायगढ़-निज़ामुद्दीन) ट्रेन भी 6 से 24 अप्रैल के बीच कई ख़ास दिन रद्द रहेगी।

पैसेंजर ट्रेनों (Passenger Trains) पर भी पड़ा सीधा असर

इसके अलावा गोंदिया-झारसुगुड़ा पैसेंजर ट्रेन भी अपनी पूरी दूरी तय नहीं कर पा रही है और उसे बिलासपुर स्टेशन पर ही शॉर्ट टर्मिनेट किया जा रहा है। रेलवे ने साफ़ किया है कि यह सख़्त क़दम और बुनियादी ढांचा विकास भविष्य में ट्रेनों की तेज़ रफ़्तार और सुरक्षा के लिए बेहद ज़रूरी है।