आगामी विधानसभा चुनावों को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने अपनी रणनीतिक तैयारियां काफ़ी तेज़ कर दी हैं। ताज़ा BJP Election Strategy (बीजेपी इलेक्शन स्ट्रेटेजी) अपडेट के अनुसार, पश्चिम बंगाल और असम में होने वाले अहम् चुनावों के लिए छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) के दिग्गज नेताओं को बड़ी और सख़्त ज़िम्मेदारी सौंपी गई है। आधिकारिक न्यूज़ जानकारी के मुताबिक़, राज्य के दोनों उप मुख्यमंत्री और वित्त मंत्री को इन चुनावी राज्यों में पार्टी संगठन को मज़बूत करने का ख़ास टास्क दिया गया है।
BJP Election Strategy: अरुण साव और ओपी चौधरी (OP Choudhary) असम में करेंगे लीड
असम विधानसभा चुनाव के लिए छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री अरुण साव को आठ विधानसभा क्षेत्रों का पूरा चुनाव प्रबंधन सौंपा गया है। साव 25 फ़रवरी से ही असम के गुवाहाटी और तिनसुकिया जैसे इलाक़ों में संगठन की बैठकों में काफ़ी सक्रिय हैं। उनका साफ़ मानना है कि डबल इंजन की सरकार विकास की नई इबारत लिख रही है। इसी तरह, वित्त मंत्री ओम प्रकाश चौधरी को असम की 10 अहम् विधानसभा सीटों की ज़िम्मेदारी दी गई है, जहां वे पार्टी की ज़मीनी पकड़ को और ज़्यादा मज़बूत करेंगे।
गृह मंत्री विजय शर्मा (Vijay Sharma) संभालेंगे पश्चिम बंगाल का वार रूम
पश्चिम बंगाल के हाई-वोल्टेज चुनाव में उप मुख्यमंत्री और गृह मंत्री विजय शर्मा को एक बेहद ख़ास और बड़ी ज़िम्मेदारी मिली है। BJP Election Strategy के तहत वे वहां पूरे वार रूम (War Room) का संचालन करेंगे। इसके अलावा, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के पश्चिम बंगाल में होने वाले सभी कार्यक्रमों और चुनावी रैलियों की देखरेख का सीधा ज़िम्मा भी विजय शर्मा के पास ही रहेगा।
संगठन (Organization) और ज़मीनी रणनीति पर पूरा ज़ोर
छत्तीसगढ़ के इन शीर्ष नेताओं की तैनाती यह साफ़ दर्शाती है कि बीजेपी इन दोनों राज्यों में किसी भी तरह की कोई कोर-कसर नहीं छोड़ना चाहती है। ज़मीनी स्तर पर समन्वय और सख़्त प्रबंधन के ज़रिए पार्टी एक बड़ी जीत की उम्मीद कर रही है।
