DGP समेत 14 अफसरों पर FIR

IPS Puran Kumar suicide case: FIR against 14 officers including DGP, family agrees to postmortem

चंडीगढ़। हरियाणा के वरिष्ठ IPS अफसर वाई पूरन कुमार के सुसाइड मामले में बड़ा एक्शन हुआ है। चंडीगढ़ पुलिस ने डीजीपी शत्रुजीत कपूर और रोहतक एसपी नरेंद्र बिजारणिया सहित 14 अफसरों के खिलाफ गुरुवार देर रात एफआईआर दर्ज की। यह कार्रवाई पूरन कुमार के सुसाइड नोट के आधार पर की गई। मामला सेक्टर-11 थाने में भारत न्याय संहिता की धारा 108, 3(5) और एससी/एसटी एक्ट की धारा 3(1)(r) के तहत दर्ज हुआ।

पूरन कुमार के परिवार ने एफआईआर के बाद पोस्टमॉर्टम के लिए सहमति दी है। पहले परिवार ने जांच कार्रवाई तक पोस्टमॉर्टम से इनकार किया था। अब पीजीआई चंडीगढ़ के डॉक्टरों का नया मेडिकल बोर्ड बनाया जाएगा। इस केस के बाद हरियाणा के एससी वर्ग के कई IAS-IPS अफसर परिवार के समर्थन में आ गए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पूरन कुमार को रोहतक रेंज के IG पद पर पदोन्नति मिलने से कुछ वरिष्ठ अफसर नाराज थे और उन्हें लगातार प्रताड़ित किया जा रहा था।

जानकारी के मुताबिक, पूरन कुमार को मार्च 2023 में आईजी होमगार्ड और नवंबर में IG (टेलीकम्युनिकेशन) की पोस्टिंग दी गई थी, जिसे मेनस्ट्रीम पद नहीं माना जाता। अप्रैल 2025 में उन्हें रोहतक रेंज का IG बनाया गया, लेकिन पांच महीने बाद फिर सुनारिया पुलिस ट्रेनिंग कॉलेज भेज दिया गया। इसी तनाव में उन्होंने 7 अक्टूबर को चंडीगढ़ स्थित अपने आवास में खुदकुशी कर ली।

पूरन कुमार की पत्नी और IAS अफसर अमनीत पी कुमार ने डीजीपी और अन्य अधिकारियों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। सुसाइड नोट में 15 मौजूदा और रिटायर्ड IAS-IPS अफसरों के नाम दर्ज हैं।