Serial ramayana, Sita, CHARACTER, Deepika Chikhaliya Topiwala,

सीरियल ‘रामायण’ की सीता निभाना चाहती हैं ये किरदार

मुम्‍बई।  देश में कोरोना वायरस (कोविड-19) महामारी का प्रकोप बढ़ता जा रहा है देशभर में चल रहे लॉकडाउन के दौरान सभी अपने घरों में बंद हो गए है। छोटे परदे यानी टीवी में इन दिनों निर्देशक-निर्माता डॉ. रामानंद सागर की ‘रामायण’ की धूम मची है। ऐसे में लगातार ‘रामायण’ में राम, सीता और लक्ष्मण का किरदार निभाने वाले सितारे, शूटिंग के दौरान के अपने अनुभव शेयर कर रहे हैं। सीता का किरदार निभाने वाली दीपिका चिखलिया टोपीवाला ने एक अंग्रेजी अखबार से हुई बातचीत में ‘रामायण’ के अलावा बॉलीवुड में अपनी वापसी को लेकर भी खुलकर बात की।

दीपिका बताती हैं, ‘मैंने आयुष्मान खुराना और यामी गौतम स्टारर फिल्म से एक बार फिर बॉलीवुड में काम करना शुरू कर दिया है। इस वापसी पर मुझे खूब काम भी मिल रहा है, मैंने फिल्मों से दूरी इस लिए बना ली थी क्योंकि कई और जिम्मेदारियों को भी मुझे निभाना था। मेरी छोटी बेटी थी, लेकिन अब बिटिया बड़ी हो गई है, बेटी खुद को संभाल सकती है।

अब मैं कुछ मजबूत और मीनिंगफुल रोल निभाना चाहती हूं। मुझे लॉयर, कोर्ट रूम ड्रामा, जिसमें आज के ताजे मुद्दे हों, वैसे किरदार निभाने हैं। कुछ ऐसी फिल्मों में काम करना है, जो मनोरंजन के साथ सामाजिक सन्देश में भी बड़ा काम करें।’ ‘निर्भया रेप केस की घटना मुझे पहले दिन से ही बहुत परेशान करती रही है। मैने जब भी टीवी पर निर्भया रेप केस से जुड़ी खबर देखते हुए, निर्भया की मां आशा देवी को देखा है, उनके दर्द को महसूस कर सकती हूं।

निर्भया और उसकी मां का दर्द, हर औरत समझती है, वह हादसा आज भी हम सबके दिलों में और मन में उसी तरह जिंदा है। जब सोचतीं हूं तो अंदर से कांप जाती हूं। न्याय के लिए 7 साल से ज्यादा का समय लगना। इस दौरान उस मां के साथ न जानें क्या-क्या बीता। सच तो यह है कि निर्भया की मां हर दिन बेटी की मौत को जी रही थी। अगर कभी भी समाज, देश और महिलाओं के हित के लिए निर्भया की जिंदगी पर कोई फिल्म बनाई जाएगी तो मैं निर्भया की मां आशा देवी का रोल जरूर निभाना चाहूंगी।

मुझे ऐसी ही फिल्मों में काम करना है, जिसके किरदार असल जिंदगी में आशा देवी जैसे स्ट्रांग और साहसी हों।’ ‘निर्भया केस का कोर्ट रूम ड्रामा कई सालों तक चला है, निर्भया की कहानी पर फिल्म बनने से बहुत से लोग, खासतौर पर हमारे देश की महिलाएं जागरूक होंगी। आज गांव की महिला पुलिस थाने जाने में हिचकिचाती हैं, निर्भया की मां की कहानी से गांव से लेकर शहर तक महिलाएं प्रेरणा लेंगी, महिलाओं का कॉन्फिडेंस बढ़ेगा, लड़कियों में अपनी सुरक्षा को लेकर साहस आएगा और अपराधियों में डर पैदा होगा। जल्द ही मैं आपको सरोजिनी नायडू के किरदार में नजर आऊंगी।

इस समय लॉकडाउन की वजह से फिल्म की शूटिंग आगे कर दी गई है, लेकिन सब ठीक रहा तो अक्टूबर के आस-पास इस फिल्म की शूटिंग शुरू की जाएगी। इस फिल्म को राइटर-डायरेक्टर धीरज मिश्रा बना रहे हैं। फिलहाल सरोजिनी नायडू की कहानी पर अच्छी तरह रिसर्च का काम हो रहा है, एक बार यह रिसर्च का काम पूरा हो जाए, फिर अन्य किरदारों की कास्टिंग की जाएगी।’ ‘मैंने धीरज मिश्रा के साथ हाल ही में अफजल गुरू की वाइफ पर बेस्ड फिल्म ‘गालिब’ में काम किया था। मैंने फिल्म में अफजल की वाइफ का किरदार निभाया है, आज भी उनकी वाइफ और बेटा, जिसका नाम गालिब है, वह दोनों जिंदा है। ‘

गालिब की कहानी, अफजल गुरू के पकड़े जाने के बाद, उनकी वाइफ की तकलीफों पर है। एक टेररिस्ट तो अपना काम कर लेता है, लेकिन छोड़ जाता है अपना परिवार, एक ऐसा परिवार, जिससे समाज नफरत करता है, उलाहना देता है और हिकारत भरी नजरों से देखता है। यह कॉन्ट्रोवर्सी वाली फिल्म है, लेकिन बड़ी बात कहती है। यह फिल्म इस साल के अंत तक रिलीज हो जाएगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *