रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय (CM Vishnu Deo Sai) की अध्यक्षता में 26 मई 2026 को मंत्रालय महानदी भवन (Mantralaya Mahanadi Bhawan) में मंत्रिपरिषद (Cabinet) की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में राज्य के सुशासन, प्रशासनिक सुधार और विकास कार्यों की गति को बनाए रखने के उद्देश्य से कई बड़े और अहम फैसले (Cabinet Decisions) लिए गए हैं।
कैबिनेट बैठक में लिए गए प्रमुख निर्णय इस प्रकार हैं:
1. स्क्रैप निस्तारण के लिए MSTC का अनुबंध 3 साल के लिए बढ़ा
कैबिनेट ने राज्य के विभिन्न विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों, निगमों, मंडलों और स्थानीय निकायों में जमा स्क्रैप (Scrap) और अनुपयोगी सामग्रियों के पारदर्शी निस्तारण के लिए भारत सरकार के उपक्रम मेटल स्क्रैप ट्रेडिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (MSTC) के साथ सेलिंग एजेंसी अनुबंध की अवधि को अगले तीन वर्षों के लिए बढ़ा दिया है।
- यह पुराना अनुबंध 31 मई 2026 को समाप्त हो रहा था।
- MSTC के ई-नीलामी प्लेटफॉर्म (E-auction Platform) के जरिए देशभर के खरीदार प्रतिस्पर्धी बोली लगाकर स्क्रैप खरीद सकेंगे, जिससे राज्य को बेहतर राजस्व मिलेगा।
- इस निर्णय से विभागों को अलग-अलग निविदा (Tender) निकालने की जरूरत नहीं होगी, जिससे समय और संसाधनों की बचत होगी तथा कार्यालयों में स्वच्छता बढ़ेगी।
2. ‘छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मण्डल’ अब सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) के अधीन
मंत्रिपरिषद ने नवगठित ‘छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मण्डल’ (Chhattisgarh Employee Selection Board) को सीधे सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) के अधीन लाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है।
- इसके लिए ‘छत्तीसगढ़ शासन कार्य (आवंटन) नियम’ में आवश्यक संशोधन किया जाएगा।
- गौरतलब है कि ‘छत्तीसगढ़ कर्मचारी चयन मण्डल अधिनियम, 2026’ लागू होने के बाद पुराने छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मण्डल (Vyapam) का विलय नए कर्मचारी चयन मण्डल में हो चुका है, और व्यापम की सभी संपत्तियां व देनदारियां नए मण्डल में शामिल कर ली गई हैं।
3. सड़क निर्माण ठेकेदारों को बिटुमिन (डामर) की कीमतों में राहत
राज्य में सड़क निर्माण कार्यों (Road Construction) की गति बाधित न हो, इसके लिए राज्य सरकार ने अनुबंधित ठेकेदारों को बड़ी राहत दी है।
- 01 अप्रैल 2026 के बाद डामर (Bitumen) की कीमतों में हुई भारी वृद्धि को देखते हुए, सरकार ने 01 अप्रैल 2026 से 30 जून 2026 की अवधि के लिए ठेकेदारों को आंशिक मूल्य राहत (क्षतिपूर्ति) प्रदान करने का निर्णय लिया है।
- यह राहत एक निर्धारित फॉर्मूले के आधार पर दी जाएगी।
- वैश्विक परिस्थितियों के कारण डामर के दाम बढ़ने से सड़क निर्माण कार्य रुकने की आशंका थी। भारत सरकार के सड़क परिवहन मंत्रालय ने भी ऐसी ही राहत के निर्देश दिए थे। राज्य सरकार का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि जनता को विकास कार्यों का लाभ समय पर मिल सके।
