INDIA Alliance Meeting: दिल्ली में ‘इंडिया’ गठबंधन की महाबैठक, 23 दल होंगे शामिल, DMK और AAP ने किया किनारा

INDIA Alliance Meeting

INDIA Alliance Meeting:2 पार्टियों के सत्ता गंवाने और बदले हुए राजनीतिक समीकरणों के बीच विपक्षी गठबंधन ‘इंडिया’ (INDIA Alliance) सोमवार को राजधानी दिल्ली में 1 बड़ी महाबैठक करने जा रहा है। 2024 के आम चुनाव से पहले 1 जून को हुई बैठक के बाद यह गठबंधन की 1ली बड़ी बैठक है। कांग्रेस (Congress) के नेतृत्व में हो रही इस बैठक में 23 राजनीतिक दलों के नेताओं के शामिल होने की उम्मीद है। हालांकि, बैठक से पहले ही गठबंधन में फूट और कलह खुलकर सामने आ गई है।

बैठक में कौन-कौन होगा शामिल?

गठबंधन की एकजुटता दिखाने और भविष्य की रणनीति तय करने के लिए बुलाए गए इस महा-मंथन में कई बड़े चेहरे नजर आएंगे:

  • कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी मौजूद रहेंगे।
  • TMC प्रमुख ममता बनर्जी और राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी पहले ही दिल्ली पहुंच चुके हैं। (उन्होंने 1 दिन पहले AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल से भी मुलाकात की है)।
  • समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव, RJD नेता तेजस्वी यादव और शिवसेना (UBT) चीफ उद्धव ठाकरे भी इस बैठक का हिस्सा होंगे।

DMK, AAP और CPM ने बनाई दूरी

23 दलों की मौजूदगी के बावजूद, इस बैठक में विपक्षी एकता में बड़ी दरारें दिखाई दे रही हैं:

  • DMK की नाराजगी: कांग्रेस पर विश्वासघात का आरोप लगाते हुए DMK ने गठबंधन और इस बैठक से किनारा कर लिया है। तमिलनाडु में कांग्रेस के TVK (थलपति विजय की पार्टी) के साथ गठबंधन से DMK सख्त नाराज है।
  • AAP ने किया किनारा: दिल्ली चुनाव के बाद से ही आम आदमी पार्टी (AAP) ने गठबंधन से दूरियां बना ली हैं। AAP नेता सोमनाथ भारती का आरोप है कि कांग्रेस BJP के लिए काम कर रही है और क्षेत्रीय दलों को कमजोर कर रही है।
  • CPM का वॉकआउट: केरल में कांग्रेस की अगुआई वाले UDF से वामपंथी दल चुनाव हार गए थे। कांग्रेस ने लेफ्ट पर BJP के साथ मिले होने का आरोप लगाया था, जिसके चलते CPM भी इस बैठक में शामिल नहीं हो रही है।

TMC का आंतरिक संकट और बैठक का एजेंडा

यह बैठक ऐसे समय में हो रही है जब TMC खुद बंगाल में बड़े आंतरिक संकट से जूझ रही है। बंगाल में हार के बाद TMC के 80 में से 58 विधायक बागी हो गए हैं और ऋतब्रत बनर्जी को सदन में नेता प्रतिपक्ष चुन लिया गया है।

इस बैठक का मुख्य एजेंडा आगामी चुनावों की रणनीति तय करना है। इसके साथ ही बंगाल और असम समेत अन्य राज्यों में विपक्ष की हार के कारणों पर भी मंथन किया जाएगा। DMK के बायकॉट के बाद अब विजय की TVK इस बैठक में शामिल हो सकती है, जो दक्षिण भारत की राजनीति में 1 नया समीकरण बनाएगी।