Jashpur Kastura Camp: सुशासन तिहार में कस्तूरा के ग्रामीणों को बड़ी सौगात, गांव में ही मिला पक्के आवास और रोजगार का लाभ

Kastura Camp Sushasan Tihar

Kastura Camp Sushasan Tihar:जशपुर/रायपुर। छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में चलाया जा रहा ‘सुशासन तिहार 2026’ प्रदेश के ग्रामीणों के लिए एक बड़ा वरदान साबित हो रहा है। प्रशासन अब दफ्तरों से निकलकर सीधे जनता के दरवाजे तक पहुंच रहा है। इसी कड़ी में जशपुर जिले के दुलदुला विकासखंड अंतर्गत ग्राम कस्तूरा में एक विशाल जिला स्तरीय जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में अधिकारियों ने न सिर्फ ग्रामीणों की समस्याओं का मौके पर समाधान किया, बल्कि पात्र हितग्राहियों को विभिन्न सरकारी योजनाओं का सीधा लाभ भी पहुंचाया।

पीएम आवास की चाबी और राशन कार्ड पाकर खिले चेहरे शिविर में जिला पंचायत उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जूदेव ने शासन की ओर से हितग्राहियों को सामग्री और प्रमाण पत्र वितरित किए। प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्के मकान का सपना पूरा होने पर कई ग्रामीणों की आंखों में खुशी के आंसू थे।

  • ग्राम कस्तूरा के इसहाक बेक, जामपानी के दीनदयाल राम, रायडीह के राजेश राम और बंगुरकेला के पतालेश्वर सिंह को मंच से उनके पक्के आवास की चाबी सौंपी गई।
  • इसी तरह खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ग्राम रायडीह की आईती खाखा, लोरो की अमिया बरवा और दुलदुला की बिनिता भगत सहित कई महिलाओं को नए राशन कार्ड प्रदान किए गए। साथ ही शिविर में बुजुर्गों को पेंशन स्वीकृति आदेश भी दिए गए।

किसानों को मिले फलदार पौधे, महिला समूहों को मछली जाल सुशासन तिहार के इस शिविर में स्वरोजगार और कृषि विकास पर भी विशेष जोर दिया गया ताकि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत किया जा सके।

  • किसानों को सौगात: कृषि विभाग द्वारा किसानों को उनकी खेती का पूरा ब्यौरा रखने के लिए ‘किसान किताब’ का वितरण किया गया। बाड़ी विकास और उद्यानिकी गतिविधियों को बढ़ावा देने के उद्देश्य से किसानों को आम और लीची के फलदार पौधे भी बांटे गए, ताकि वे वैज्ञानिक खेती से अतिरिक्त आय कमा सकें।
  • महिला स्व-सहायता समूह: मछली पालन से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए मत्स्य विभाग की ओर से विशेष पहल की गई। महिलाओं को सुरक्षित परिवहन और विपणन के लिए आईस बॉक्स तथा मछली पकड़ने के जाल प्रदान किए गए।
  • मनरेगा जॉब कार्ड और श्रम कार्ड: गांव में ही रोजगार सुनिश्चित करने के लिए कस्तूरा की सोनी कुमारी, आशा देवी और कमला बाई को मनरेगा के तहत नए जॉब कार्ड और श्रम कार्ड दिए गए।

ग्रामीणों ने इस पहल की जमकर तारीफ करते हुए कहा कि पहले छोटे-छोटे कामों के लिए सरकारी दफ्तरों के चक्कर काटने पड़ते थे, लेकिन अब सुशासन तिहार के कारण सरकार और अधिकारी खुद गांव पहुंचकर सुविधाएं दे रहे हैं।