दिल्ली। 31 दिनों तक चले रोमांचक मुकाबलों और 102 मैचों के बाद फीफा वर्ल्ड कप 2026 को अपने दो फाइनलिस्ट मिल गए हैं।
डिफेंडिंग चैंपियन अर्जेंटीना लगातार दूसरी बार फाइनल में पहुंचा है, जबकि स्पेन ने 16 साल बाद खिताबी मुकाबले में जगह बनाई है। दोनों टीमें 19 जुलाई की रात 12:30 बजे ट्रॉफी के लिए आमने-सामने होंगी। इस सफर में दोनों टीमों के 10 खिलाड़ियों ने जीत की नींव रखी।
अर्जेंटीना के लिए कप्तान लियोनेल मेसी सबसे बड़े मैच विनर रहे। 39 वर्षीय स्टार ने पूरे टूर्नामेंट में सबसे ज्यादा 8 गोल किए और सेमीफाइनल में इंग्लैंड के खिलाफ दो अहम असिस्ट देकर टीम को फाइनल में पहुंचाया।
मिडफील्डर एंजो फर्नांडीज ने खेल की रफ्तार नियंत्रित की, जबकि लॉटारो मार्टिनेज ने सेमीफाइनल में इंजरी टाइम में विजयी गोल दागा। डिफेंडर क्रिस्टियन रोमेरो ने मिस्र के खिलाफ वापसी की शुरुआत कराई और जूलियन अल्वारेज ने क्वार्टर फाइनल में एक्स्ट्रा टाइम में निर्णायक गोल किया।
दूसरी ओर, स्पेन की सफलता का सबसे बड़ा आधार उसका मजबूत डिफेंस रहा। गोलकीपर उनाई सिमोन ने पूरे टूर्नामेंट में सिर्फ एक गोल खाया और कई मैचों में शानदार बचाव कर टीम को जीत दिलाई।
युवा स्टार लामिन यमाल ने अपनी रफ्तार और ड्रिब्लिंग से विपक्षी डिफेंस को लगातार परेशान किया। स्ट्राइकर मिकेल ओयारजाबाल ने पांच गोल और एक असिस्ट के साथ आक्रमण की जिम्मेदारी संभाली।
डिफेंडर पॉ क्यूबार्सी ने अपनी सटीक पासिंग और मजबूत डिफेंस से बड़े खिलाड़ियों को रोकने में अहम भूमिका निभाई, जबकि पेड्रो पोरो ने मिडफील्ड और अटैक के बीच बेहतरीन तालमेल बनाकर स्पेन के खेल को धार दी।
अब फाइनल में मेसी की अनुभवी अर्जेंटीना और युवा जोश से भरी स्पेन आमने-सामने होगी। दोनों टीमें विश्व चैंपियन बनने के लिए अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने उतरेंगी।
