Sushasan Tihar CG: सुशासन तिहार में भड़के सांसद बृजमोहन अग्रवाल, मंच से ही वन रेंजर को सस्पेंड करने के दिए निर्देश

Brijmohan Agarwal Sushasan Tihar

Brijmohan Agarwal Sushasan Tihar:राजिम/रायपुर। छत्तीसगढ़ (Chhattisgarh) में आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए आयोजित किए जा रहे ‘सुशासन तिहार’ (Sushasan Tihar) शिविरों में रायपुर सांसद और कद्दावर बीजेपी नेता बृजमोहन अग्रवाल (Brijmohan Agrawal) का बेहद सख्त और कड़क रूप देखने को मिल रहा है। राजिम (Rajim) क्षेत्र में आयोजित एक प्रशासनिक शिविर के दौरान जनता की शिकायतों और अधिकारियों की विभागीय लापरवाही से नाराज होकर सांसद अग्रवाल का गुस्सा बुरी तरह फूट पड़ा। उन्होंने सख्त कार्रवाई करते हुए मंच से ही वन विभाग (Forest Department) के एक रेंजर को तत्काल प्रभाव से सस्पेंड करने के निर्देश दे दिए।

क्या है पूरा मामला और क्यों भड़के सांसद?

राजिम और गोबरा नवापारा (Gobra Navapara) इलाके में प्रशासन द्वारा जनता की समस्याओं को सुनने और मौके पर ही उनका निराकरण करने के लिए ‘सुशासन तिहार’ कैंप का आयोजन किया गया था।

  • वन विभाग की गंभीर शिकायतें: इस विशेष कैंप में बड़ी संख्या में ग्रामीण अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे थे। ग्रामीणों ने वन विभाग से जुड़ी कई गंभीर शिकायतें सांसद बृजमोहन अग्रवाल के सामने रखीं।
  • अधिकारियों की लापरवाही और गोलमोल जवाब: जब सांसद ने मंच से ही संबंधित वन रेंजर से इन शिकायतों पर सीधा जवाब मांगा, तो अधिकारी कोई संतोषजनक उत्तर नहीं दे पाए। विभागीय कामकाज में भारी लापरवाही और जनता की अनदेखी की बात स्पष्ट रूप से सामने आई।
  • मंच से सस्पेंशन का आदेश: अधिकारियों के इस सुस्त और गैर-जिम्मेदाराना रवैये को देखते हुए सांसद बृजमोहन अग्रवाल मंच पर ही भड़क गए। उन्होंने माइक पर सख्त लहजे में आला अधिकारियों को निर्देश दिया कि संबंधित वन रेंजर को तत्काल सस्पेंड (Suspend) किया जाए।

लगातार सख्त तेवर में नजर आ रहे हैं बृजमोहन अग्रवाल

यह पहला मौका नहीं है जब सुशासन तिहार के दौरान बृजमोहन अग्रवाल का यह एक्शन अवतार देखने को मिला हो।

  • नायब तहसीलदार को भी लगाई थी फटकार: इससे ठीक पहले एक अन्य सुशासन शिविर के दौरान भी जनहित के कामों में कोताही बरतने पर उन्होंने एक नायब तहसीलदार को भी मंच से ही कड़ी फटकार लगाई थी।
  • प्रशासन को कड़ा संदेश: सांसद की इस ताबड़तोड़ और सख्त कार्रवाई से पूरे प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। उन्होंने स्पष्ट संदेश दे दिया है कि आम जनता के कामों में किसी भी तरह की प्रशासनिक लापरवाही या लेटलतीफी को सरकार बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगी।

इस बड़ी घटना के बाद से शिविर में मौजूद अन्य विभागों के अधिकारी भी पूरी तरह से अलर्ट मोड पर आ गए हैं और शिकायतों के निपटारे में अब काफी तेजी देखी जा रही है।